INDC Network : फर्रुखाबाद, उत्तर प्रदेश : उत्तर प्रदेश के फर्रुखाबाद जिले में सर्द मौसम ने जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है। लगातार बढ़ती ठंड और घने कोहरे को देखते हुए जिला प्रशासन ने एहतियाती कदम उठाते हुए कक्षा 1 से 12 तक के सभी बोर्ड के विद्यालयों को 23 दिसंबर तक बंद रखने का आदेश जारी किया है। यह निर्णय छात्रों के स्वास्थ्य और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है।
जिले में इन दिनों तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। रविवार को न्यूनतम तापमान करीब 12 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, वहीं सुबह और देर शाम घना कोहरा छाया रहा। दृश्यता कम होने से सड़क और परिवहन व्यवस्था भी प्रभावित हो रही है। मौसम विभाग द्वारा जारी चेतावनी के बाद प्रशासन ने स्कूलों को बंद रखने का फैसला किया।
महत्वपूर्ण जानकारी (तालिका):
| विवरण | जानकारी |
|---|---|
| जिला | फर्रुखाबाद |
| कारण | कड़ाके की ठंड और घना कोहरा |
| कक्षाएं | कक्षा 1 से 12 तक |
| विद्यालय | सभी बोर्ड (परिषदीय व मान्यता प्राप्त) |
| अवकाश अवधि | 23 दिसंबर तक |
| शिक्षक/कर्मचारी | विद्यालय में उपस्थित रहेंगे |
| आदेश जारीकर्ता | जिलाधिकारी, फर्रुखाबाद |
बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) विश्व प्रताप सिंह द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि यह अवकाश परिषदीय विद्यालयों के साथ-साथ सभी मान्यता प्राप्त, सहायता प्राप्त और निजी विद्यालयों पर भी समान रूप से लागू होगा। कक्षा 1 से लेकर कक्षा 12 तक के छात्र-छात्राओं को इस अवधि में विद्यालय नहीं आना होगा।
हालांकि, आदेश में यह भी कहा गया है कि विद्यालयों में कार्यरत समस्त शिक्षक और गैर-शिक्षण कर्मचारी नियमित रूप से उपस्थित रहेंगे। उन्हें निर्वाचन संबंधी कार्यों, विभागीय जिम्मेदारियों और उच्च अधिकारियों द्वारा दिए गए अन्य निर्देशों का पालन करना अनिवार्य होगा। केवल शिक्षण कार्य स्थगित रहेगा, प्रशासनिक और अन्य आवश्यक कार्य जारी रहेंगे।
प्रशासन का मानना है कि छोटे बच्चों और किशोर छात्रों के लिए अत्यधिक ठंड और कोहरा स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं पैदा कर सकता है। ऐसे में समय रहते लिया गया यह निर्णय बच्चों को सर्दी, जुकाम और अन्य मौसमी बीमारियों से बचाने में सहायक होगा।
अभिभावकों ने भी प्रशासन के इस फैसले का स्वागत किया है। उनका कहना है कि सुबह के समय ठंड और कोहरे में बच्चों को स्कूल भेजना जोखिम भरा होता है। वहीं स्कूल प्रबंधन को निर्देश दिए गए हैं कि किसी भी स्थिति में आदेश का उल्लंघन न किया जाए।
जिला प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि मौसम की स्थिति को देखते हुए आगे भी आदेश में बदलाव किया जा सकता है। अभिभावकों और स्कूलों से अपील की गई है कि वे प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों पर नजर बनाए रखें।



















