INDC Network : फर्रुखाबाद, उत्तर प्रदेश : फर्रुखाबाद में 11 मार्च 2026 को जिलाधिकारी की अध्यक्षता में पेट्रोल पंप मालिकों और गैस वितरकों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में जिले में ईंधन और गैस की उपलब्धता, वितरण व्यवस्था और उपभोक्ताओं को होने वाली संभावित समस्याओं पर चर्चा की गई।
बैठक में जिलाधिकारी, पुलिस अधीक्षक, जिला पूर्ति अधिकारी सहित कई प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। प्रशासन की ओर से स्पष्ट किया गया कि जनपद में गैस, पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त उपलब्धता है और किसी भी प्रकार की कमी नहीं है।
गैस एजेंसियों को समय से खोलने और जल्द डिलीवरी के निर्देश
बैठक में प्रशासन ने गैस एजेंसी संचालकों को निर्देश दिया कि सभी एजेंसियां सुबह समय से खोली जाएं और उपभोक्ताओं की बुकिंग के बाद एक से दो दिनों के भीतर गैस सिलेंडर की डिलीवरी सुनिश्चित की जाए। साथ ही यह भी कहा गया कि गैस की आपूर्ति उसी उपभोक्ता को की जाए जिसने बुकिंग कराई है।
प्रशासन ने यह भी निर्देश दिया कि गैस एजेंसियां अपने स्टॉक की जानकारी शोरूम और गोदाम दोनों स्थानों पर स्पष्ट रूप से प्रदर्शित करें, ताकि उपभोक्ताओं को स्थिति की जानकारी मिल सके।
पेट्रोल-डीजल की बिक्री को लेकर सख्त नियम
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि पेट्रोल और डीजल की बिक्री किसी भी स्थिति में खुले पात्र में नहीं की जाएगी। पेट्रोल केवल वाहन की टंकी में ही डाला जाएगा। इस संबंध में सभी पेट्रोल पंपों पर सूचना बोर्ड लगाने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके अलावा डीजल की बिक्री के दौरान किसानों को कृषि कार्य के लिए अनुमन्य मात्रा से अधिक ईंधन एक बार में न देने के निर्देश भी दिए गए।
जमाखोरी और ओवरचार्जिंग पर होगी कार्रवाई
प्रशासन ने चेतावनी दी कि यदि कोई व्यक्ति गैस सिलेंडर, पेट्रोल या डीजल की अधिक मात्रा खरीदकर जमाखोरी करने का प्रयास करता है तो इसकी सूचना तुरंत प्रशासन को दी जाए।
इसके साथ ही यह भी कहा गया कि यदि किसी पेट्रोल पंप या गैस एजेंसी के खिलाफ निर्धारित मूल्य से अधिक पैसे लेने या घटतौली की शिकायत मिलती है तो उनके खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धारा 3/7 के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस करेगी रैंडम निरीक्षण
पुलिस प्रशासन की ओर से बताया गया कि जिले के विभिन्न गैस एजेंसियों और पेट्रोल पंपों पर पुलिस द्वारा रैंडम निरीक्षण किया जाएगा। यदि कोई व्यक्ति भ्रामक जानकारी फैलाता पाया गया तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी।
“नो हेलमेट नो फ्यूल” नियम का पालन अनिवार्य
बैठक के अंत में जिलाधिकारी ने सभी पेट्रोल पंप संचालकों को निर्देश दिया कि वे “नो हेलमेट नो फ्यूल” नियम का पूरी तरह पालन सुनिश्चित करें। इसके अलावा बैठक में अनुपस्थित पेट्रोल पंप और गैस एजेंसी संचालकों को कारण बताओ नोटिस जारी करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।