INDC Network : फर्रुखाबाद, उत्तर प्रदेश : फर्रुखाबाद जनपद के अजमतपुर स्थित सिद्धार्थ कान्वेंट स्कूल में आज भारत की प्रथम महिला शिक्षिका सावित्रीबाई फुले का जन्मदिवस बड़े ही हर्षोल्लास और सामाजिक चेतना के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में शैक्षणिक, सामाजिक और प्रेरणात्मक वातावरण देखने को मिला। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं, माताएं-बहनें, शिक्षकगण, समाजसेवी तथा विभिन्न सामाजिक वर्गों के लोग उपस्थित रहे और सभी ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।

कार्यक्रम का उद्देश्य सावित्रीबाई फुले के शिक्षा, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक समानता के विचारों को नई पीढ़ी तक पहुँचाना रहा। मुख्य वक्ता के रूप में आम आदमी पार्टी के जिला अध्यक्ष इंजीनियर नीरज प्रताप शाक्य ने अपने संबोधन में कहा कि आज से लगभग 200 वर्ष पहले देश में बेटियों को शिक्षा का अधिकार नहीं था। ऐसे कठिन समय में सावित्रीबाई फुले ने समाज की रूढ़ियों को तोड़ते हुए स्त्री शिक्षा की मशाल जलाई, जो आज भी प्रेरणा का स्रोत है। उन्होंने कहा कि सावित्रीबाई फुले का संघर्ष केवल शिक्षा तक सीमित नहीं था, बल्कि उन्होंने सामाजिक न्याय और समानता के लिए आजीवन कार्य किया।
कार्यक्रम के दौरान वक्ताओं ने सावित्रीबाई फुले के जीवन संघर्ष, उनके साहस और समाज सुधार के प्रयासों पर विस्तार से प्रकाश डाला। बताया गया कि किस प्रकार उन्होंने सामाजिक विरोध, अपमान और हिंसा के बावजूद अपने लक्ष्य से कभी समझौता नहीं किया और बालिकाओं की शिक्षा को आगे बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयास करती रहीं। विद्यालय के बच्चों द्वारा उनके विचारों पर आधारित संदेशात्मक प्रस्तुतियाँ भी दी गईं, जिससे वातावरण प्रेरणादायक बन गया।

इस अवसर पर उपस्थित समाजसेवियों और शिक्षकों ने कहा कि आज भी सावित्रीबाई फुले के विचार प्रासंगिक हैं, क्योंकि समाज में समान शिक्षा और लैंगिक न्याय की आवश्यकता बनी हुई है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे बेटियों की शिक्षा को प्राथमिकता दें और उन्हें आगे बढ़ने के समान अवसर प्रदान करें। कार्यक्रम में शिक्षा को सामाजिक परिवर्तन का सबसे मजबूत माध्यम बताया गया।
कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में समाजसेवी अशोक मौर्य, शिक्षक मुकेश शाक्य, सुभाष शाक्य, भोजराज सिंह, डॉ. महावीर सिंह, डॉ. विजय कुमार शाक्य, कुलदीप सिंह कठेरिया, जहांगीर मंसूरी, रवीश कुमार गौतम, प्रताप सिंह यादव, सोनू कुशवाह, जगदीश सिंह शाक्य, किसान नेता जगतपाल शाक्य, अंकित शाक्य, वैभव प्रताप, कवि विशाल, राष्ट्रीय स्तर की खिलाड़ी रौनक शाक्य सहित अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे। सभी ने अपने-अपने विचार साझा करते हुए सावित्रीबाई फुले के योगदान को नमन किया।

कार्यक्रम का आयोजन अखिल भारतीय स्वास्थ्य महासभा फर्रुखाबाद की टीम (जिला अध्यक्ष शिवम कुमार शाक्य मनोज कुमार साथ नवीन कुमार प्रताप सिंह एवं अन्य कार्यकर्त्ता) द्वारा किया गया। आयोजन समिति की ओर से मंच संचालन, व्यवस्था और जलपान की समुचित व्यवस्था की गई। कार्यक्रम का सफल संचालन एलआईसी अधिकारी महेंद्र सिंह शाक्य द्वारा किया गया। आयोजकों ने बताया कि इस प्रकार के आयोजन समाज में शिक्षा और समानता के संदेश को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
समापन अवसर पर सभी उपस्थित लोगों ने संकल्प लिया कि वे सावित्रीबाई फुले के दिखाए मार्ग पर चलते हुए शिक्षा, समानता और सामाजिक न्याय के लिए निरंतर प्रयास करेंगे। सिद्धार्थ कान्वेंट स्कूल में आयोजित यह कार्यक्रम न केवल एक जन्मदिवस समारोह रहा, बल्कि सामाजिक जागरूकता और प्रेरणा का सशक्त मंच भी बना।



















