नई दिल्ली: ऑल इंडिया स्टूडेंट्स एसोसिएशन (AISA) की अध्यक्ष नेहा बोरा की याचिका पर दिल्ली हाईकोर्ट में गुरुवार, 22 अक्टूबर 2026 को सुनवाई हुई। नेहा बोरा ने दिल्ली पुलिस की ओर से जारी उस नोटिस को चुनौती दी है, जिसमें उन्हें शांति बनाए रखने के लिए ₹10,000 का निजी मुचलका और एक जमानतदार देने का निर्देश दिया गया था।
नेहा बोरा को 16 अक्टूबर को मंडी हाउस की ओर जाते समय हिरासत में लिया गया था। अगले दिन रिहाई के बाद उन्हें निजी मुचलका भरने से संबंधित नोटिस मिला। उनकी ओर से पेश वकील ने अदालत में दलील दी कि उन्होंने हिंसा के लिए उकसाने या सार्वजनिक शांति भंग करने की अपील नहीं की थी।
वहीं, दिल्ली पुलिस और केंद्र सरकार की ओर से पेश वकील ने निवारक कार्रवाई का बचाव किया। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद न्यायमूर्ति सुब्रमणियम प्रसाद ने आदेश सुरक्षित रख लिया। अदालत 23 अक्टूबर को अपना आदेश सुनाएगी।