INDC Network : फर्रुखाबाद, उत्तर प्रदेश : जिले में कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करने और पुलिसिंग व्यवस्था में पारदर्शिता लाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक (एसपी) आरती सिंह ने शुक्रवार की रात महत्वपूर्ण तबादले और तैनाती का आदेश जारी किया। इस आदेश के तहत पांच पुलिस अधिकारियों की जिम्मेदारी बदल दी गई है। इन बदलावों को लेकर पुलिस महकमे में नई हलचल देखने को मिल रही है।
मेरापुर को मिला नया थानाध्यक्ष
पुलिस लाइन में अब तक तैनात रहे उपनिरीक्षक अजब सिंह को मेरापुर थाने का नया थानाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। बताया जा रहा है कि क्षेत्र में कानून व्यवस्था को सख्ती से लागू करने और अपराध नियंत्रण के लिए उन्हें जिम्मेदारी सौंपी गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में बढ़ते अपराधों को ध्यान में रखते हुए यह तैनाती अहम मानी जा रही है।
साइबर क्राइम थाने की कमान बदली
डायल 112 के प्रभारी रहे राजेश कुमार को अब साइबर क्राइम थाना प्रभारी निरीक्षक की जिम्मेदारी दी गई है। साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों को देखते हुए यह परिवर्तन विशेष महत्व रखता है। विशेषज्ञता और अनुभव को ध्यान में रखते हुए एसपी ने उन्हें यह नई जिम्मेदारी सौंपी है।
फर्रुखाबाद के कई अपराध निरीक्षकों की भी तैनाती बदल गई है।
राजेश कुमार सिंह, जो पहले कायमगंज कोतवाली के अपराध निरीक्षक थे, अब उन्हें कादरी गेट थाने में अपराध निरीक्षक नियुक्त किया गया है।
मोहम्मद कामिल, जो शहर कोतवाली में अपराध निरीक्षक थे, अब उन्हें कायमगंज कोतवाली में अपराध निरीक्षक की जिम्मेदारी दी गई है।
यह फेरबदल दोनों थाना क्षेत्रों की अपराध पड़ताल और जांच प्रक्रिया को तेज करने की रणनीति के तहत किया गया है।
डायल 112 की नई तैनाती
जन शिकायत प्रकोष्ठ के निरीक्षक आमोद कुमार सिंह को डायल 112 का नया प्रभारी बनाया गया है। डायल 112 का सीधा संबंध जनता की तत्काल सुरक्षा और सहायता से होता है। इसलिए इस पद पर ऐसे अधिकारी की तैनाती की गई है, जो शिकायतों का तुरंत निस्तारण कर सके और घटनास्थल पर तेजी से कार्रवाई सुनिश्चित करे।
एसपी आरती सिंह द्वारा किया गया यह फेरबदल केवल प्रशासनिक आदेश नहीं है, बल्कि जिले में अपराध नियंत्रण और जनता के बीच विश्वास बहाल करने की एक पहल भी माना जा रहा है। अपराधियों पर नकेल कसने और पीड़ितों को समय पर न्याय दिलाने की दृष्टि से यह तैनातियां आने वाले दिनों में महत्वपूर्ण साबित हो सकती हैं।
पुलिस महकमे में हलचल
इन तबादलों के बाद पुलिस महकमे के भीतर चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है। कई अधिकारी मानते हैं कि एसपी का यह कदम जनहित में है और इससे पुलिसिंग व्यवस्था को और मजबूती मिलेगी। वहीं कुछ लोग इसे आगामी त्योहारों और चुनावी तैयारियों से भी जोड़कर देख रहे हैं।