INDC Network : पश्चिम बंगाल :- Asaduddin Owaisi ने West Bengal चुनाव से पहले रैली में Narendra Modi और Mamata Banerjee पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि दोनों की राजनीति में कोई अंतर नहीं है। उन्होंने मुसलमानों के राजनीतिक प्रतिनिधित्व का मुद्दा भी उठाया।
All India Majlis-e-Ittehadul Muslimeen के प्रमुख Asaduddin Owaisi ने West Bengal विधानसभा चुनाव 2026 से पहले मुर्शिदाबाद में आयोजित एक चुनावी रैली में प्रधानमंत्री Narendra Modi और मुख्यमंत्री Mamata Banerjee पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि दोनों नेताओं की राजनीति में कोई अंतर नहीं है और वे जनता, खासकर मुस्लिम समुदाय के हितों की अनदेखी कर रहे हैं।
मुर्शिदाबाद में आयोजित रैली में ओवैसी ने कहा कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी “अंदर से एक जैसे” हैं और चुनाव के समय ही मुस्लिम समुदाय को याद किया जाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि त्योहारों के दौरान किए जाने वाले कार्यक्रम केवल वोट हासिल करने की रणनीति का हिस्सा होते हैं।
मुस्लिम प्रतिनिधित्व का मुद्दा उठाया
ओवैसी ने कहा कि पश्चिम बंगाल में लंबे समय से विभिन्न राजनीतिक दलों ने मुस्लिम समुदाय को केवल वोट बैंक के रूप में इस्तेमाल किया है, लेकिन उनकी सामाजिक और राजनीतिक स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ। उन्होंने दावा किया कि पिछले 50 वर्षों में कांग्रेस, वाम दलों और All India Trinamool Congress की सरकारों को समर्थन देने के बावजूद समुदाय को पर्याप्त प्रतिनिधित्व नहीं मिला।
उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी का उद्देश्य राज्य में स्वतंत्र और मजबूत मुस्लिम नेतृत्व तैयार करना है, ताकि समुदाय को राजनीतिक निर्णय प्रक्रिया में उचित भागीदारी मिल सके।
हुमायूं कबीर के समर्थन में किया प्रचार
रैली में ओवैसी ने Humayun Kabir के समर्थन में भी लोगों से अपील की। उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में मुस्लिम समुदाय को वास्तविक विकास और राजनीतिक भागीदारी दिलाने के लिए उनकी पार्टी ने हुमायूं कबीर के साथ मिलकर चुनाव लड़ने का फैसला किया है।
उन्होंने यह भी कहा कि उनकी पार्टी की लड़ाई किसी धर्म विशेष के खिलाफ नहीं है, बल्कि राजनीतिक हिस्सेदारी और सामाजिक न्याय के लिए है। उन्होंने स्पष्ट किया कि वे न तो ममता बनर्जी के सामने झुकेंगे और न ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से डरेंगे।
टीएमसी और बीजेपी पर साधा निशाना
ओवैसी ने आरोप लगाया कि राज्य की सत्तारूढ़ All India Trinamool Congress और Bharatiya Janata Party दोनों ही गरीब और कमजोर वर्गों की स्वतंत्र राजनीतिक नेतृत्व को मजबूत होते नहीं देखना चाहते हैं। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी का उद्देश्य लोकतांत्रिक तरीके से समुदायों की आवाज को मजबूत करना है।
उन्होंने यह भी कहा कि उनकी पार्टी राज्य की जनता के अधिकारों और सम्मान की रक्षा के लिए संघर्ष करती रहेगी और चुनाव में बेहतर प्रदर्शन करने का प्रयास करेगी।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 से पहले इस तरह के बयान चुनावी माहौल को और अधिक गर्म कर सकते हैं। राज्य में विभिन्न राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो चुका है और आने वाले दिनों में चुनाव प्रचार और भी तेज होने की संभावना है।
| बिंदु | विवरण |
|---|---|
| नेता | असदुद्दीन ओवैसी |
| राज्य | पश्चिम बंगाल |
| मुख्य आरोप | मोदी–ममता राजनीति समान |
| मुद्दा | मुस्लिम प्रतिनिधित्व |
| समर्थन | हुमायूं कबीर |
| निशाना | टीएमसी और बीजेपी |
| स्थान | मुर्शिदाबाद |
| चुनाव | विधानसभा चुनाव 2026 |
| उद्देश्य | स्वतंत्र नेतृत्व निर्माण |
| संदेश | राजनीतिक हिस्सेदारी की मांग |
पश्चिम बंगाल चुनाव 2026 से पहले मुर्शिदाबाद रैली में असदुद्दीन ओवैसी ने मोदी और ममता बनर्जी पर तीखा हमला करते हुए मुस्लिम प्रतिनिधित्व का मुद्दा उठाया।



















